हरदोई: देशभर में जहां रामनवमी का पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है, वहीं उत्तर प्रदेश के हरदोई से सामने आए एक वीडियो ने सियासी माहौल को गर्मा दिया है। समाजवादी पार्टी के नेता यदुनंदन लाल वर्मा पर हिंदू देवी-देवताओं और भगवान श्रीराम को लेकर अभद्र टिप्पणी करने का आरोप लगा है (Bhagwan Ram Remark Controversy)।
मां कौशल्या पर की आपत्तिजनक-शर्मनाक टिप्पणी
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में सपा नेता मंच से संबोधन करते हुए नजर आ रहे हैं (Samajwadi Party Leader Statement)। दावा किया जा रहा है कि यह वीडियो सम्राट अशोक जयंती के कार्यक्रम का है (Hardoi SP Leader Viral Video)। हरदोई जिले के सांडी थाना इलाके में अंटवा खेरवा गांव में ये समारोह हुआ था। गुरुवार को सम्राट अशोक की जयंती पर संजय कुशवाहा की ओर से एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में कई दलों के नेताओं की मौजूदगी रही। आरोप है कि अपने भाषण के दौरान उन्होंने भगवान श्रीराम और उनकी माता कौशल्या को लेकर इतनी आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया, कि वो वीडियो न दिखाया जा सकता है और न ही सुनाया जा सकता है (Lord Ram Controversial Remark)।
वीडियो वायरल होते ही बढ़ा आक्रोश, FIR दर्ज
वीडियो सामने आने के बाद हरदोई सहित प्रदेश के कई इलाकों में हिंदू संगठनों और स्थानीय लोग भड़क उठे (Hindu Organisations Protest)। सवायजपुर कोतवाली क्षेत्र में प्रदर्शन करते हुए लोगों ने सपा नेता के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और गिरफ्तारी की मांग की। हरदोई की सार्वजनिक सभा में इस प्रकार का मामला सामने आने के बाद अब उनके खिलाफ केस दर्ज किया गया है (UP Police Action)। जिले के हरपालपुर थाने में केस दर्ज किया गया है। खबर है कि पुलिस सपा नेता की गिरफ्तारी के लिए उन्हें खोज रही है।

राजनीतिक बयानबाज़ी भी तेज
इस विवाद के बाद राजनीतिक बयानबाज़ी भी तेज हो गई है। बीजेपी और उसके सहयोगी दलों ने समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए सवाल उठाया कि हिंदू आस्था को लेकर विवादित बयान बार-बार सपा नेताओं की ओर से ही क्यों सामने आते हैं। वहीं यूपी महिला आयोग ने भी मामले पर सख्त टिप्पणी करते हुए इसे समाज में वैमनस्य फैलाने वाला बताया और कार्रवाई की जरूरत बताई।
सपा ने खुद को बयान से अलग किया
विवाद बढ़ने के बाद समाजवादी पार्टी ने यदुनंदन लाल के बयान को निजी बयान बताया है। सपा सांसद आनंद भदौरिया ने मामले से पार्टी को अलग करते हुए कहा कि यदुनंदन लाल समाजवादी पार्टी में किसी भी पद पर नहीं हैं। उन्होंने कहा कि हम यदुनंदन लाल के बयान की कड़ी निंदा करते हैं। इस बयान से समाजवादी पार्टी का कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि समाजवादी पार्टी के लोग भी प्रभु श्रीराम को मानने वाले हैं।
पहले भी हो चुके हैं विवाद
यह पहली बार नहीं है जब समाजवादी पार्टी के किसी नेता के बयान को लेकर विवाद खड़ा हुआ हो। इससे पहले भी पार्टी के कई नेताओं द्वारा धार्मिक ग्रंथों, देवी-देवताओं और ऐतिहासिक व्यक्तित्वों पर की गई टिप्पणियों ने सियासी तूफान खड़ा किया था। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है और वायरल वीडियो की सत्यता भी खंगाली जा रही है। प्रशासन का कहना है कि कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।



