सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें कांग्रेस नेता राहुल गांधी को गोली मारने की धमकी दी जा रही है। इस शख्स ने केन्द्रीय मंत्री किरण रिजिजू के बयान को आधार बनाकर कांग्रेस के 25 सांसदों के खिलाफ 24 घंटे के अंदर कार्रवाई की मांग की है। वीडियो में ये शख्स अपनी बात की शुरुआत महाकाल के नारे से करता है। बाद में कहता है कि “जिस प्रकार लोकसभा में कांग्रेस के 25 सांसदों ने स्पीकर ओम बिडला को खुलकर गाली-गलौच की है। मैं करणी सेना और बीजेपी के तमाम कार्यकर्ताओं की तरफ से कहता हूं, अगर ऐसी घटना दोबारा हुई तो हम तोड़फोड़ करेंगे”। ये शख्स आगे कहता है कि “राहुल गांधी कान खोलकर सुन लें। अगर ऐसी घटना दोबारा हुई तो घर में घुसकर गोली मार देंगे। उन सभी 25 सांसदों के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए। मंत्री किरण रिजिजू का जो बयान आया है उसके बाद से हम लोग गुस्से में हैं”।

कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने इस वीडियो को अपने सोशल मीडिया पेज एक्स पर पोस्ट किया है। पवन खेड़ा ने बीजेपी-RSS को गोडसे की फैक्ट्री बताते हुए इसे सुनियोजित साजिश का हिस्सा बताया। खेड़ा ने लोकसभा में ओम बिरला के अपमान की बातों को भी झूठा बताया। उन्होंने लिखा कि पहले किरण रिजिजू ने सार्वजनिक रूप से झूठ बोला और देश को गुमराह किया कि कांग्रेस सांसदों ने लोकसभा में ओम बिरला का अपमान किया। जबकि उपलब्ध वीडियो फुटेज इस दावे का खंडन करती है, जिसमें ऐसा कोई अपमान दिखाई नहीं देता। बल्कि, उस दौरान स्पीकर को मुस्कुराते हुए देखा जा सकता है। फिर भाजपा सांसदों ने विभिन्न मंचों पर लगभग एक जैसी पंक्ति दोहरानी शुरू कर दी कि राहुल गांधी “भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सबसे बड़ा खतरा” हैं। यह विपक्ष को बदनाम करने और राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों, विशेषकर राहुल जी के खिलाफ हिंसा को वैध ठहराने का एक सुनियोजित अभियान है। कट्टरपंथ इसी तरह काम करता है। वे एक झूठ गढ़ते हैं, उसे बार-बार दोहराकर फैलाते हैं, उसे राजनीतिक वैधता का आवरण देते हैं, और तब तक प्रसारित करते हैं जब तक उनके समर्थक घृणा और हिंसा के लिए उकसाए न जाएँ। तब भी गोडसे बनाया गया था। आज फिर एक और गोडसे को तैयार किया जा रहा है।



