Mojtaba Khamenei issued a message for the first time: जब से अमेरिका-इजराइल और ईरान का युद्ध शुरू हुआ है, ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आए, उन्हें किसी ने नहीं देखा। अब पहली बार मोजतबा खामेनई का एक संदेश सामने आया है, हालांकि मोजतबा खुद सामने नहीं आए और न ही अपनी आवाज में ये संदेश रिकॉर्ड किया, बल्कि टीवी पर एंकर ने मोजतबा खामेनेई का संदेश पढ़ा।
मोजतबा ने संदेश में अमेरिका को दी चेतावनी
संदेश में मोजतबा खामेनेई ने अमेरिका को कड़ी चेतावनी दी है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की नाकाबंदी जारी रखने और मिनाब स्कूल के बच्चों के साथ-साथ शहीद हुए अन्य लोगों के खून का बदला लेने की बात कही। मोजतबा खामेनेई ने कहा कि उन्हें इस्लामिक गणराज्य टेलीविजन के जरिए पता चला कि उन्हें नेता के रूप में चुना गया है। उन्होंने ये अमेरिका और इजराइल के साथ चल रहे युद्ध का जिक्र करते हुए कहा कि हमले लगातार जारी रहेंगे।
“मोजतबा जीवित तो हैं, मगर बुरी तरह घायल हैं”
मोजतबा खामेनेई के इस संदेश के बाद ट्रंप के उस बयान की चर्चा होने लगी है, जिसमें उन्होंने कहा था कि 28 फरवरी को अमेरिकी हमले में आयतुल्ला अली खामेनेई पर हुए हमले के दौरान मोजतबा खामेनेई भी घायल हुए। ट्रंप ने कहा कि मुझे लगता है कि शायद वो जीवित हैं, मगर बुरी तरह घायल हैं।
“कोमा में हैं मोजतबा, अपना एक पैर भी खोया”
ट्रंप के बयान के साथ-साथ ब्रिटिश अखबार ‘द सन’ की रिपोर्ट ने भी खलबली मचा दी है। अखबार ने चौंकाने वाला दावा किया है कि मोजतबा खामेनेई कोमा में है। हमले में उन्होंने अपना एक पैर खो दिया है। उनके पेट या लिवर को भी गंभीर नुकसान हुआ है। भारी सुरक्षा के बीच तेहरान में उनका इलाज चल रहा है।



